• जामताड़ा : केंद्र से सीएए वापस लेने की मांग

    जामताड़ा : संविधान बचाओ आंदोलन के बैनर तले जिला संयोजक रहमतुल्लाह रहमत के नेतृत्व में रविवार को जामताड़ा जिला मुख्यालय में विशाल रैली एवं जनसभा का आयोजन किया गया. जिसमें भाजपा को छोड़कर कई दलों के कार्यकर्ताओं के साथ विभिन्न सामाजिक संगठनों के हजारों लोगों की उपस्थिति देखी गयी. रविवार को आयोजित रैली दिन के करीब दस बजे निकली. विभिन्न गांव से जुलूस की शक्ल में आये लोग नारेबाजी करते हुए जामताड़ा पुराना कोर्ट परिसर स्थित आंबेडकर चौक परिसर में इकट्ठा हुए. जहां से राष्ट्रीय गीत के साथ रैली का शुभारंभ किया गया.

  • आज नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगी मोकामा के अंशुमान पुष्कर की फिल्म ‘जामताड़ा’, झारखंड के कस्बे की है कहानी

    मोकामा : पटना जिले के मोकामा के मोर निवासी 27 वर्षीय अंशुमान पुष्कर ने बिहार का मान बढ़ाया है. बतौर नायक अंशुमान की बेव सीरीज ‘जामताड़ा’ नेटफ्लिक्स पर आज रिलीज हो रही है. नौ सालों तक कड़े संघर्ष के बाद अंशुमान को यह सफलता मिली है. उनकी सफलता से गांव के लोग काफी उत्साहित हैं.

  • JMM के रवींद्रनाथ महतो होंगे झारखंड विधानसभा के अध्यक्ष, विधानसभा सत्र के पहले दिन किया नामांकन

    रांची : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के विधायक रवींद्रनाथ महतो झारखंड विधानसभा के नये अध्यक्ष बन सकते हैं. सोमवार को उन्होंने इस पद के लिए अपना नामांकन दाखिल कर दिया. मंगलवार (7 जनवरी, 2020) को स्पीकर पद का चुनाव होना है. सोमवार को किसी दूसरे उम्मीदवार ने इस पद के लिए नामांकन दाखिल नहीं किया. श्री महतो झामुमो-कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल के साझा उम्मीदवार हैं.

  • महगामा में ट्रक ने बच्चे को रौंदा, विरोध में जाम

    महगामा : थाना अंतर्गत लौंगाय गांव के समीप ट्रक की चपेट में आने से 10 वर्षीय बालक की मौत हो गयी. घटना शनिवार को दिन के 11 बजे घटी. गुस्साये ग्रामीणों ने सड़क पर शव रखकर लौंगाय-दिग्घी मुख्य मार्ग को जाम कर दिया. इस दौरान दोनों आेर से वाहनों की लंबी कतार लग गयी. जानकारी के अनुसार अब्दुल मन्नान का 10 वर्षीय पुत्र मोहम्मद सलामत सड़क पार कर घर जा रहा था. इसी क्रम में कसबा की ओर से आ रहे ट्रक की चपेट में आ गया.

  • जामताड़ा: कांग्रेस के पास सीट बरकरार रखने की, तो BJP के पास सीट जीतने की चुनौती

    जामताड़ा : कभी ईश्वरचंद्र विद्यासागर की कर्मभूमि रही जामताड़ा की वर्तमान में साइबर क्राइम के गढ़ के रूप में पहचान है. जामताड़ा की राजनीति में भी लगातार बदलाव आते रहे हैं. 2005 से अब तक हर बार परिवर्तन देखा गया है. वैसे इस सीट पर कांग्रेस का कब्जा लंबे समय तक बरकरार रहा था. इसे कांग्रेस का गढ़ भी माना जाता था. जामताड़ा में पहली बार 1952 में सोशलिस्ट पार्टी से कृष्णदेव दास विधायक बने.