भूपेंद्र यादव

नये भारत के जननायक

भूपेंद्र यादव

गत सात सितंबर की रात 1:40 बजे देश की नजरें मिशन चंद्रयान पर टिकी थीं. मिशन के अंतिम कुछ मिनटों में ऐसी परिस्थिति पैदा हुई, जब लोगों की सांसें अटक सी गयीं. कुछ पलों के लिए ऐसा वातावरण बना, जिसमें निराशा के भाव उभरते नजर आने लगे थे.

Columns

भविष्य की एक दिलचस्प झलक

आकार पटेल

एक पुराना चुटकुला है कि भविष्य के विषय में भविष्यवाणी कठिन है. मगर एक ऐसा तरीका है, जिसके द्वारा हम ...

Columns

ब्रेक्जिट: उलझन सुलझे ना!

उपेंद्र सिंह

कमजोर नेतृत्व और अदूरदर्शी निर्णय का शिकार ब्रिटेन इस समय एक कठिन दौर से गुजर रहा है. आगामी 31 ...

Columns

गांधी के देश का होने का गर्व

विजय कुमार चौधरी

इस वर्ष महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर देशभर में कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं. गांधी एक ऐसे ...

Columns

सोशल मीडिया के दुरुपयोग से बचाव

कुमार आशीष

बहुधा हमारे थानों और तकनीकी शाखा के ऑफिस में ऐसी शिकायतें मिली हैं, जिसमें युवा लड़की के फेसबुक ...

Columnists